मिथुन चक्रवर्ती ने राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन पर पक्षपातपूर्ण रवैये का आरोप लगाते हुए कहा कि लोकतंत्र में विरोध की आवाज दबाना बेहद खतरनाक संकेत है।